गोलीय दर्पण (Sperical Mirror) से प्रतिबिम्ब रचना के नियम
किसी भी बिंदु वस्तु से असंख्य किरणें आती है , किन्तु उसके प्रतिबिम्ब की रचना ज्ञाात करने के लिए किन्ही दो किरणों को लेना पर्याप्त होता है. गोलीय दर्पण (Sperical Mirror) से प्रतिबिम्ब की रचना के निम्नलिखित नियम है .
1 ) जो किरणें मुख्य अक्ष के समान्तर आपतित होती है ,वे परावर्तन के पश्चात् फोकस से होकर जाती है (अवतल दर्पण में ) या फोकस से आती हुई प्रतीत होती है(उत्तल दर्पण में ).
2 ) जो किरणें मुख्य फोकस से होकर (अवतल दर्पण में ) या मुख्य फोकस की और आपतित होती है(उत्तल दर्पण में ),परावर्तन के पश्चात् मुख्य अक्ष के समान्तर चले जाती है .
3 ) जो किरणें वक्रता केंद्र से होकर या वक्रता केंद्र की ओर आपतित होती है .परावर्तन के पश्चात् उसी मार्ग से लौट जाती है.


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